थोथा चना, बाजे घना | Totha Chana, Baje Ghana Story In Hindi

Totha Chana, Baje Ghana Story In Hindi- चलते-चलते ये खलिहानों में पहुंचे दो खलिहान एक ही खेत में पास-पास थे। अकबर ने एक खलिहान से कुछ पौधे लिए और हिलाए अकबर ने कहा, “बीरबल, तुम भी हिलाकर देखो।” बीरबल ने अकबर के हाथ के पौधे लेकर हिलाए, फिर अकबर ने कहा, “आओ।” और दूसरे खलिहान के पास पहुंच गए।

Totha Chana, Baje Ghana Story In Hindi

उस खलिहान से भी कुछ पौधे लेकर अकबर ने हिलाए, फिर बीरबल को देते हुए कहा, “इनको भी हिलाओ।” वीरवल ने अकबर के हाथ से चने के पौधे लेकर हिलाए।

अकबर बादशाह बीरबल से बोले, “दोनों जगह के चनों में कुछ फर्क नजर आया।” बीरबल बोले, “जी हुजूर, बिल्कुल फर्क नजर आया। उस जगह के पौधों में चनों की आवाज नहीं थी। इन पौधों में तेज आवाज हो रही है।”

फिर बादशाह ने कहा, “इसका क्या मतलब हुआ

बीरबल बोले, “एक में बने कमजोर और कम तथा दूसरे में अधिक और बड़े-बड़े हैं।” अकबर बादशाह बोले, “इतना तो हम भी जानते हैं। किसमें अधिक चना है, यह बताओ।” एक खलिहान गांव के प्रधान का था वह और दो किसान बीरबल के पास खड़े थे वीरबल को चुप देखकर प्रधान बोल पड़ा, ‘योया चना, बाजे पना।’

अकबर बोले, “सुना वीरबल, जिसमें मरा हुआ चना होता है, यह छोटा होता है और जोर-जोर से

आवाज करता है जो स्वस्व चना होता है, वह बड़ा होता है और आवाज नहीं करता।

अन्य हिंदी कहानियाँ एवम प्रेरणादायक हिंदी प्रसंग के लिए चेक करे हमारा मास्टर पेजHindi Kahani

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -spot_img

Latest Articles